TRP घोटाले में रिपब्लिक टीवी नहीं, इंडिया टुडे और आजतक भी शामिल...पुलिस का खुलासा | ZNDM NEWS

हाल में देश के अंदर TRP को लेकर काफी घमासान चल रहा है। मीडिया पूरेतरीकों से भ्रष्ट दिखाई पड़ रहा है। मुंबई पुलिस ने कई जांच के बाद इसरैकेट का खुलासा किया है। पुलिस ने इस रैकेट को फॉल्स टीआरपी रैकेट नामदिया है।

हाल में देश के अंदर TRP को लेकर काफी घमासान चल रहा है। मीडिया पूरेतरीकों से भ्रष्ट दिखाई पड़ रहा है। मुंबई पुलिस ने कई जांच के बाद इसरैकेट का खुलासा किया है। पुलिस ने इस रैकेट को फॉल्स टीआरपी रैकेट नामदिया है। टेलिविजन रेटिंग पॉइंट में फर्जीवाड़ा करने वाले चैनलों की सीट्टी पीटटी गुल हो गई है। इस रैकेट में कितने लोग शामिल हैं और कितने चैनल शामिल हैं इसका पता लगाया जा रहा है। हाल ही इस मामले में नया मोड़ सामने आया है। TRP की जिम्मेदारी संभालने वाली कंपनी हंसा रिसर्च ग्रुप प्राइवेट लिमिटेड के डिप्टी जनरल मैनेजर नितिन देवकर ने इन रैकेट्स को लेकर FIR दर्ज करवाई है। हैरान कर देने वाली बात तो ये हैं कि इसकी जो कॉपी है उसमें 'रिपब्लिक' नहीं बल्कि 'इंडिया टुडे' का नाम मेंशन किया गया है। यानी कि रिपब्लिक का फिजूल में बदनाम किया जा रहा है। जबकि अपराधी तो कोई और ही है। गलती यहां हुई कि पुलिस ने रैकेटा का खुलासा करते वक्त गवाह ने रिपब्लिक टीवी का नाम ले लिया। जब FIR की कॉपी को देखा तो ज्ञात हुआ कि इंडिया टुडे की जगह रिपब्लिक टीवी का नाम बोल दिया। इस बात की मुंबई पुलिस सफाई देते हुए ज्वाइंट कमिश्नर (क्राइम) मिलिंद भरांबे ने बताया कि हंसा की FIR में इंडिया टुडे का नाम जरूर था, लेकिन गिरफ्तार किए गए एक आरोपी ने पूछताछ में रिपब्लिक टीवी और 2 मराठी चैनलों का नाम लिया था।