कर्नाटक विधान परिषद में मचा हंगामा ,चेयरमैन के साथ बदसलूखी करते MLC

कर्नाटक विधान परिषद में आज कांग्रेस-बीजेपी विधायकों ने भारी हंगामा किया, इस दौरान कांग्रेस के कुछ MLC ने विधान परिषद के अध्यक्ष को ही जबरदस्ती कुर्सी से खींचकर नीचे उतारा और धक्का-मुक्की की।

कर्नाटक विधान परिषद में मचा हंगामा ,चेयरमैन के साथ बदसलूखी करते MLC

कर्नाटक विधान परिषद में बढे हंगामा सामने आया। मंगलवार को कर्नाटक विधान परिषद में विधयेक पर चर्चा के दौरान जमकर हंगामा हुआ। दरअसल मंगलवार को कर्नाटक विधान परिषद में 'कर्नाटक मवेशी वध रोकथाम और संरक्षण विधेयक-2020 पर चर्चा जारी थी की तब बिल के विरोध में खड़े कांग्रेस के कुछ MLC चेयरमैन के प्रतापचंद्र शेट्टी के सीट तक पहुंच गए। इतना ही नहीं विरोध में उग्र रवैया अपनाते हुए इन लोगों ने चेयरमैन को खींचकर कुर्सी से नीचे उतार दिया और धक्का-मुक्की तक कर डाली ।

कर्नाटक विधान परिषद में ''कर्नाटक मवेशी वध रोकथाम और संरक्षण विधेयक-2020'' विधेयक पर चर्चा होनी थी। दें यह बिल 9 दिसंबर को ही विधानसभा में पारित हो चुका है। वहां भी कांग्रेस के विधायकों ने इस विधेयक को लेकर हंगामा किया था। और आज फिर विधान पतिशद में भी उग्र विरोध किया गया। इसके बाद कुछ विधान परिषद सदस्यों ने चेयरमैन को कांग्रेस MLC से छुड़ाया। बाद में कांग्रेस के सभी MLC को सदन से बाहर निकाल दिया गया। कांग्रेस के विधान परिषद सदस्यों (MLC) ने इस कानून के विरोध में नारेबाजी भी की।

कांग्रेस के कुछ सदस्यों ने विधानसभा का बहिष्कार भी किया था। हालांकि, इस पर चर्चा नहीं हो सकी थी। कर्नाटक विधान परिषद में सदन की मर्यादा उस समय तार-तार हो गई, जब कांग्रेस एमएलसी ने जबरदस्ती विधान परिषद के अध्यक्ष को कुर्सी से उतार दिया। इस मामले में कांग्रेस एमएलसी प्रकाश राठौड़ ने कहा कि बीजेपी और जेडीएस ने जब सदन ऑर्डर में नहीं था, तब गैरकानूनी तरीके से चेयरमैन बना दिया। उन्होंने कहा कि बीजेपी के द्वारा यह असंवैधानिक काम करना दुर्भाग्यपूर्ण है।उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस ने उन्हें चेयर से नीचे उतरने को कहा। हमें उन्हें कुर्सी से उतारना पड़ा, क्योंकि यह अवैध था।

बता दे की  गोरक्षा पर आधारित यह कानून में मुख्या बिंदु कुछ इस तरह हैं :-

1.कर्नाटक में गोहत्या पर पूरी तरह से रोक लग गई है।
2.गाय की तस्करी, अवैध ढुलाई, अत्याचार और गो हत्या करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है।
3.भैंस और उनके बछड़ों के संरक्षण का भी प्रावधान है।
4.ऐसा करने वाले आरोपी के खिलाफ तेज कार्यवाही के लिए विशेष कोर्ट के गठन का भी प्रावधान है।
5.विधेयक में गौशाला स्थापित करने का भी प्रावधान किया गया है।
6.पुलिस मामले की जांच कर सकेगी।