निजामुद्दीन में TABLIGI JAMAT मरकज ने उड़ायी लॉकडाउन की धज्जियां |

निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात में करीब 1548 लोग शामिल हुए थे | मरकज में शामिल ,200 संदिग्ध लोगों को कोरोना जांच के लिए अस्पताल भेजा गया था, जिनमें  24 लोगों में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है| (पढ़ें पूरी रिपोर्ट)

निजामुद्दीन में TABLIGI JAMAT मरकज ने उड़ायी लॉकडाउन की धज्जियां |
निजामुद्दीन में TABLIGI JAMAT मरकज ने उड़ायी लॉकडाउन की धज्जियां

निजामुद्दीन में TABLIGI JAMAT मरकज ने उड़ायी लॉकडाउन की धज्जियां 

देश में  21 दिनों का लॉकडाउन है | लोग घरों  में बंद हैं|  लेकिन कुछ असंवेदनशील लोगों को ना अपनी फ़िक्र है ना  अपने परिवार की और देश की तो बिलकुल भी नहीं है|  तभी तो राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली स्थित निजामुद्दीन में तबलीगी जमात के करीब 1500 लोग लॉकडाउन का होने के बावजूद भी जमात में शामिल हुए थे| एक मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि तबलीगी जमात के मुखिया मौलाना साद का एक ऑडियो वायरल हुआ है, जिसमें वह कह रहे हैं कि  "मस्जिद से बेहतर मरने की कोई जगह नहीं है|"  ये ऐसे मजहबी नुमाइंदे जीक्ने लिए मजहब विज्ञानं से बड़ा है|  आप मजहब के इन नुमाइंदो को क्या कहेंगे? क्या यही इनका राष्ट्र प्रेम है |  राष्ट्र के प्रति आप इनकी संवेदना को क्या कहेंगे?

जमात के मुखिया मौलाना साद का एक ऑडियो वायरल हुआ है इस ऑडियो में मरकज के मुखिया मौलाना साद  कथित तौर पर कई बाते कहते सुने जा हैं,  वो कह रहे हैं , "यह ख्याल बेकार है कि मस्जिद में इकट्ठा होने से बीमारी होगी| मैं कहता हूं अगर तुम्हें यह दिखे भी कि मस्जिद में आने से आदमी मर जाएगा तो इससे बेहतर कोई जगह नहीं|  वो यह भी कह रहे है कि  अल्लाह पर भरोसा रखो| कुरान नहीं पढ़ते, अखबार पढ़ते हैं और डर जाते हैं|  भागने लगते हैं| " इस दौरान वहां कुछ लोग मौजूद हैं जो खांस रहे हैं|  ऐसे में माना जा रहा है कि वह कोरोना के लक्षण कई लोगों में पहले ही दिखाई दे रहे थे जिस ओर ध्यान नहीं दिया गया|

आपको बता दे निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात में करीब 1548 लोग शामिल हुए थे | मरकज में शामिल ,200 संदिग्ध लोगों को कोरोना जांच के लिए अस्पताल भेजा गया था, जिनमें  24 लोगों में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है| वहीं, मरकज में शामिल तेलंगाना के 6 लोगों की मौत हो चुकी है।  मरकज में शामिल हुए 24 लोगों में कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद अब यहां हुए धार्मिक आयोजन में शामिल वाले उन हजारों लोगों की तलाश और उन्हें आइसोलेट करने की मुहिम शुरू हो चुकी है|  
बता दें मरकज में शामिल हुए लोगों के जरिये दिल्ली, महाराष्ट्र, केरल, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु, गुजरात, जम्मू-कश्मीर और बिहार समेत कई राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों से मंगलवार को कोरोना वायरस संक्रमण के कई मामले दर्ज किए गए| इसी कारण देशभर में संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 1,400 के पार हो गई है और  45 लोगों की इससे मौत हो गई है|

निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज में दस से अधिक देशों के नागरिक शामिल है | 200 लोगों को दिल्ली के अलग अलग अस्पतालों में जांच के लिए ले जाया गया था। जिन लोगों को जांच के लिए ले जाया गया है, उनमें बांग्लादेश, श्रीलंका, अफगानिस्तान, मलेशिया, सऊदी अरब, इंग्लैंड और चीन के करीब 100 विदेशी नागरिक शामिल हैं।