Kisan Andolan : दिप सिद्धू के बाद अब लक्खा सिधाना की वीडियो हुई वायरल , बोला पंजाब के किसान आंदोलन का साथ दे

दिल्ली में 26 जनवरी को लाल किले पर हुई हिंसा अपने आप में कई सवाल उठती है , क्या हिंसा की जानकारी सरकार के पास थी या फिर नहीं थी , क्या दिल्ली पुलिस के इंतजाम ठीक नहीं थे , किसान नेता को क्या ये पता था हिंसा होगी , लाल किले पर पुलिस क्या कर रही थी। 26 जनवरी 2021 को लाल किले पर हुई हिंसा में कई लोगो का नाम सामने आ रहा है और कई आरोप सरकार पर भी लग रहा है। दिल्ली हिंसा में करीब 2 दर्जन से अधिक लोगो का नाम सामंने आया है और पुलिस मुकदमा दर्ज कर जांच में जुडी है , इस बीच कई नाम बहुत सुर्खिया बटोर चूका है जिसमे दिप सिद्धू और लक्खा सिधाना का नाम भी है , दिप सिद्धू अभी फरार है और कई वीडियो के माध्यम से अपने आपको बचा है , वही अब लक्खा सिधाना भी किसान आंदोलन में जाकर एक वीडियो में कहता है पंजाब के किसान आंदोलन का साथ दे। सोशल मीडिया पर एक वीडियो डाल लक्खा ने पंजाब के लोगों से अपील की है कि छह जनवरी के प्रस्तावित चक्का जाम में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। जानकारी के अनुसार, लक्खा सिंघु बॉर्डर पर लौट आया है।

Kisan Andolan : दिप सिद्धू के बाद अब लक्खा सिधाना की वीडियो हुई वायरल , बोला पंजाब के किसान आंदोलन का साथ दे

दिल्ली में 26 जनवरी को लाल किले पर हुई हिंसा अपने आप में कई सवाल उठती है , क्या हिंसा की जानकारी सरकार के पास थी या फिर नहीं थी , क्या दिल्ली पुलिस के इंतजाम ठीक नहीं थे , किसान नेता को क्या ये पता था हिंसा होगी , लाल किले पर पुलिस क्या कर रही थी। 26 जनवरी 2021 को लाल किले पर हुई हिंसा में कई लोगो का नाम सामने आ रहा है और कई आरोप सरकार पर भी लग रहा है। दिल्ली हिंसा में करीब 2 दर्जन से अधिक लोगो का नाम सामंने आया है और पुलिस मुकदमा दर्ज कर जांच में जुडी है , इस बीच कई नाम बहुत सुर्खिया बटोर चूका है जिसमे दिप सिद्धू और लक्खा सिधाना का नाम भी है , दिप सिद्धू अभी फरार है और कई वीडियो के माध्यम से अपने आपको बचा है , वही अब लक्खा सिधाना भी किसान आंदोलन में जाकर एक वीडियो में कहता है पंजाब के किसान आंदोलन का साथ दे। सोशल मीडिया पर एक वीडियो डाल लक्खा ने पंजाब के लोगों से अपील की है कि छह जनवरी के प्रस्तावित चक्का जाम में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। जानकारी के अनुसार, लक्खा सिंघु बॉर्डर पर लौट आया है। और वहीं किसानों से आंदोलन को तेज करने की बात कर रहा है।
साथ ही उसने किसान नेताओं से मांग की कि किसी भी हाल में पीछे न हटें। सरकार सभी हथकंडे अपना रही है किसान आंदोलन को खत्म करने की, लेकिन किसान डटे रहेंगे। उन्होंने किसानों से एकता बनाए रखने की अपील की। उसने कहा कि केंद्र से बात करने वाली कमेटी के आकार को छोटा न किया जाए। किसी संगठन को कमेटी से बाहर न किया जाए। सही समय पर सही फैसले लेने वाला ही सही नेता माना जाता है। लक्खा ने गाजीपुर में सियासी नेताओं के मंच पर आने पर नाराजगी जताई। उसने कहा कि राजनीतिक नेताओं से हमें सावधान रहना चाहिए

लक्खा ने कहा कि ये पंजाब के वजूद की लड़ाई है, पंजाब की नस्लें बचाने की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि किसानों को झूठे मामलों से डरना नहीं चाहिए। लक्खा ने बार बार कहा कि ये आंदोलन पंजाब ने शुरू किया इसलिए इसकी अगुवाई भी पंजाब ही करे। उसने विदेशी हस्तियों के किसान आंदोलन को समर्थन देने का भी जिक्र किया और कहा कि एक दूसरे के खिलाफ बोलना बंद करना होगा।

एक बार पहले भी लक्खा सिधाना ने फेसबुक पर लाइव होकर आंदोलन में पंजाबियों की कम हुई संख्या पर चिंता जताई थी। लक्खा ने हाथ में मिट्टी लेकर सभी पंजाबियों से अपनी धरती मां को बचाने के लिए ज्यादा से ज्यादा संख्या में आंदोलन में पहुंचने की अपील की थी। लक्खा ने तब कहा था कि आंदोलन में अब चारों तरफ हरियाणा ही हरियाणा दिख रहा है। पहले तो सिर्फ मेला था संघर्ष का, असली समय अब शुरू हुआ है।