उत्तर प्रदेश में बजट सत्र से पहले ही समाजवादी पार्टी के विधायको ने विधान भवन के बाहर किया हंगामा

उत्तर प्रदेश विधान मंडल का बजट सत्र गुरुवार से शुरू होने वाला है | ये बजट सत्र राज्यपाल आनंदी बेन की दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में अभिभाषण होगा। योगी आदित्यनाथ सरकार अपने कार्यकाल का अंतिम पूर्ण बजट प्रस्तुत करेगी। इसलिए विपक्ष भी सरकार की घेराबंदी करने के लिए अपनी कमर कस के बैठी है।

उत्तर प्रदेश में बजट सत्र से पहले ही समाजवादी पार्टी के विधायको ने विधान भवन के बाहर किया हंगामा

उत्तर प्रदेश विधान मंडल का बजट सत्र गुरुवार से शुरू होने वाला है | ये बजट सत्र राज्यपाल आनंदी बेन की दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में अभिभाषण होगा। योगी आदित्यनाथ सरकार अपने कार्यकाल का अंतिम पूर्ण बजट प्रस्तुत करेगी। इसलिए विपक्ष भी सरकार की घेराबंदी करने के लिए अपनी कमर कस के बैठी है। इसके चलते सत्र हंगामेदार रहना तय है। विधानमंडल सत्र में राज्यपाल के अभिभाषण से पहले ही बड़ी संख्या में समाजवादी पार्टी के विधायक तथा विधान परिषद सदस्य विधान भवन प्रांगण में हंगामा कर रहे हैं। यह लोग चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा के पास बैठकर सरकार विरोधी नारेबाजी कर रहे हैं। यह लोग पेट्रोल तथा डीजल के दाम में लगातार बढ़ोतरी के साथ ही कानून-व्यवस्था को लेकर नारेबाजी कर रहे हैं।

विधान भवन जैसे संवेदनशील स्थान पर समाजवादी पार्टी के नेता तमाम सुरक्षा इंतजाम को धता बता बोतलों में पेट्रोल तथा डीजल लेकर प्रवेश कर गए। इस दौरान इन लोगों ने पेट्रोल तथा डीजल से भरी बोतलों के साथ प्रदर्शन किया।विधान भवन में धरना पर बैठे समाजवादी पार्टी के नेता किसानों की समस्या के साथ महंगाई तथा कृषि कानून के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। किसान आंदोलन के समर्थन में समाजवादी पार्टी के विधायक ट्रैक्टर पर गन्ना लेकर विधान भवन पहुंचे हैं। विधान परिषद सदस्य सुनील सिंह साजन तथा आनंद भदौरिया की इस दौरान सड़क पर काफी देर तक पुलिस से झड़प भी होती रही। इस दौरान विधानसभा मार्ग पर यातायात को रोक दिया गया है। किसी भी प्रकार के वाहन को इस मार्ग पर चलने की अनुमति नहीं है। 

आपको बता दे,विधानमंडल के बजट सत्र के पहले दिन हंगामे के आसार है। कानून व्यवस्था, महंगाई, भ्रष्टाचार व गन्ना मूल्य जैसे किसानों के मुद्दे आदि को लेकर सभी विपक्षी एकजुटता के बजाए अपने अपने तरीके से सरकार पर हमलावर रहेंगे। समाजवादी विधायक विरोध प्रदर्शन करेंगे। बहुजन समाज पार्टी के सदस्य सरकार को जवाबदेह बनने के लिए दबाव बनाएंगे। वहीं कांग्रेस विधायक पूरे सत्र के दौरान विरोध करते रहेंगे। विधान सभा चुनाव निकट होने के कारण सभी विरोधी दल अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश करेंगे। बहुजन समाज पार्टी अध्यक्ष मायावती ने बुधवार को विधायकों को किसानों व जनहित से जुड़े अहम मुद्दो और ध्वस्त कानून व्यवस्था पर सरकार को घेरने के निर्देश दिए। पार्टी के उपनेता उमाशंकर सिंह के गोमतीनगर आवास पर बैठक में मायावती के दिशा निर्देशों पर अमल का फैसला लिया गया। मायावती ने लिखा कि यूपी में विधानसभा व पंचायत चुनाव से पहले नेताओं, वकीलों व व्यापारियों आदि की हत्याओं का दौर शुरू हो जाना चिंताजनक, अतिदुखद व निंदनीय है। इन घटनाओं को गंभीरता से न लेकर इन्हें पुरानी रंजिश आदि बताकर अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं करना। सरकार ध्यान दें।