अब नहीं होगा 10 अंको का मोबाइल नंबर ,जल्द ही देश में 11 अंको का मोबाइल नंबर इस्तेमाल होगा - 11 Digits Mobile Number India

TRAI ने PMO को चिट्टी लिखकर इस बात की शिकायत की है| भारत में मात्र 2 करोड़  लोगों के पास लैंडलाइन ब्रॉडबैंड है| गौरतलब है  कि...[11 Digits Mobile Number India] (पूरा पढ़ें)

अब नहीं होगा 10 अंको का मोबाइल नंबर ,जल्द ही देश में 11 अंको का मोबाइल नंबर इस्तेमाल होगा - 11 Digits Mobile Number India

अब नहीं होगा 10 अंको का मोबाइल नंबर ,जल्द ही देश में 11 अंको का मोबाइल नंबर इस्तेमाल होगा - 11 Digits Mobile Number India

जल्दी ही आपके 10 अंको वाले मोबाइल नंबर बदलने वाले है। जी हां ,टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) देश में मोबाइल फोन नंबरिंग स्कीम को बदलने पर विचार कर रही है, रिपोर्ट के मुताबिक ने शुक्रवार को देश में 11 डिजिट के मोबाइल नंबर को इस्तेमाल करने का प्रस्ताव जारी किया है| TRAI का मानना है कि 10 डिजिट वाले मोबाइल नंबर को 11 डिजिट वाले मोबाइल नंबर [11 Digits Mobile Number India] से बदलने पर देश में ज्यादा नंबर उपलब्ध कराए जा सकेंगे|

इसके अलावा TRAI ने फिक्स्ड लाइन से कॉल करते समय मोबाइल नंबर के आगे '0' लगाने की भी बात कही है. फिलहाल फिक्स्ड लाइन कनेक्शन से इंटर-सर्विस एरिया मोबाइल कॉल्स करने के लिए पहले '0' लगाना पड़ता है|जबकि मोबाइल से लैंडलाइन पर बिना '0' लगाए भी कॉलिंग की जा सकती है|

इसके अलावा देश में कम लैंडलाइन ब्रॉडबैंड को लेकर टेलीकॉम रेगुलेटर TRAI और दूरसंचार विभाग में ठन गई है| सूत्रों के अनुसार  TRAI ने देश में कम ब्रॉडबैंड के लिए दूरसंचार विभाग को जिम्मेदार ठहराया है|  उसके रवैये के खिलाफ PMO को चिट्टी लिखी है| इसमें ये कहा गया है कि ब्रॉडबैंड की संख्या बढ़ाने की सिफारिश की दूरसंचार विभाग अनदेखी कर रही है|

कम लैंडलाइन ब्रॉडबैंड को लेकर ट्राई दूरसंचार विभाग से नाराज है जिसके चलते DoT, TRAI की सिफारिशें मंजूर नहीं कर रहा है| बता दें कि TRAI ने 2017 में ब्रॉडबैंड बढ़ाने की सिफारिश की थी  लेकिन पिछले 4 साल से  TRAI की सभी सिफारिशें अटकी है.केबल टीवी से इंटरनेट कनेक्शन की सिफारिश अटकी है. साथ ही पब्लिक वाईफाई हॉटस्पॉट से  ब्रॉडबैंड की सिफारिश को मंजूर नहीं किया गया है|

TRAI ने PMO को चिट्टी लिखकर इस बात की शिकायत की है| भारत में मात्र 2 करोड़  लोगों के पास लैंडलाइन ब्रॉडबैंड है| गौरतलब है  कि भारत में 65 करोड़ लोग इंटरनेट के यूज़र्स हैं|