देश में आधे से ज्यादा कोरोना पोस्टिव लोगो में कोरोना वायरस के लक्षण ही नहीं

कोरोना वायरस दुनिया के नया वायरस है जिस पर लगातार खोज बनी हुई है। हालाकी कोरोना वायरस का अभी तक कोई सफल इलाज सामने नहीं आया है। ऐसे में इसको लेकर शोध में नई नाई खबरे सामने आती है। कोरोना वायरस के पेहचान के जो आम लक्षण है जैसे बुखार ,खासी ,नाक बेहना ,शर्दी, सांस फूलना पर अब एक रिपोर्ट की माने तो ये जरुरी नहीं है यही लक्षण एक कोरोना पॉजिटिव में हो, बल्कि इन सब लक्षणों के बिना वाले व्यक्ति में भी कोरोना पॉजिटिव पाया जा सकता है

देश में आधे से ज्यादा कोरोना पोस्टिव लोगो में कोरोना वायरस के लक्षण ही नहीं

 

दरअसल भारत में पॉजिटिव आए आधे से ज्यादा मामलों में कोरोना के लक्षण नहीं मिले हैं |

इकनोमिक टाइम्स की जानकारी के अनुशार ,भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने मंगलवार को ये कहा है कि भारत में अब तक आए कुल कोरोना पॉजिटिव मामले में से 69% में बीमारी के लक्षण नहीं दिखे हैं | देश में अब तक कोविड-19 के लिए चार लाख से अधिक नमूनों का परीक्षण किया जा चुका है | करीब 20 हजार लोग कोरोना पॉजिटिव पाये गए हैं.आईसीएमआर में महामारी विज्ञान और संक्रमण रोगों के प्रमुख डॉ. आर. आर. गंगाखेडकर ने कहा, "केवल एक अध्ययन है जो बताता है कि 80% मामलों में लक्षण बहुत स्पष्ट नहीं दिखाई देते हैं | इसके चलते रोगी के अस्पताल में जांच कराने के लिए आने और मामले की रिपोर्ट करने की संभावना कम हो जाती है.उन्होंने कहा कि हम किए गए परीक्षणों की संख्या को देखें तो अब तक 31 % मामलों में रोग के बारे में लक्षणों से पता चला है | बाकी 69% मामले ऐसे हैं, जिनमें लक्षण नहीं मिले हैं | स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि कई मरीजों में हल्के और कभी-कभी "बहुत हल्के" लक्षण ही दिखते हैं | क्वारंटीन और इलाकों में जाकर ऐसे मामलों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है | स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि हम सामुदायिक निगरानी पर काम कर रहे हैं. | यदि हमें ज्यादा जोखिम या प्रत्यक्ष संपर्क वाले क्षेत्र में लक्षण वाले मामले मिलते हैं तो हम परीक्षण के लिए नमूने को एकत्र करते हैं |  इस तरह हम समय पर पहचान और मृत्यु दर को कम कर सकते हैं |

आपको बता दे,इस समय भारत में कोरोना के कुल मामले 20000 के करीब पहुंचने वाले है।